सबसे बड़ी सफ़लता पुस्तक से
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*कदम-कदम पर सफलता*
* **डा.संतोष गौड़ राष्ट्रप्रेमी *
सफलता इस संसार सर्वाधिक प्रयुक्त शब्द है। सभी जग...
1 day ago
"मुझे संसार से मधुर व्यवहार करने का समय नहीं है, मधुर बनने का प्रत्येक प्रयत्न मुझे कपटी बनाता है." -विवेकानन्द
भीड़ में मैं हूँ खड़ा, फिर भी अकेलापन सालता है। चेहरे हज़ारों पास मेरे, आँख से आँख फिर भी अजनबी, हँसी के शोर में भी देखो, मन का ...
"स्वतन्त्र भारत में नारी को मिले वैधानिक अधिकारों की कमी नहीं- अधिकार ही अधिकार मिले हैं, परन्तु कितनी नारियां हैं जो अपने अधिकारों का सुख भोग पाती हैं? आप अपने कर्तव्यों के बल पर अधिकार अर्जित कीजिए। कर्तव्य और अधिकार दोनों का सदुपयोग कर आप व्यक्ति बन सकती हैं। आपको अपने कर्तव्यों का भान है तो कोई पुरुष आपको भोग्या नहीं बना सकता-व्यक्ति मानकर सम्मान ही करेगा। इसी तरह आने वाली पीढ़ी आपकी ऋणी रहेगी।"
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