Sunday 14 August 2011

स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनायें

स्व- तन्त्र का अर्थ समझ कर, 
अपना तन्त्र हम विकसित कर लें,
अन्ना जी का हाथ थाम कर, 
जन-लोकपाल हम निर्मित कर लें,
राजनैतिक आजाद भले ही, 
स्व-तन्त्र अभी भी नहीं हो पाये,
भ्रष्टाचार है दानव समझो, 
कानून बनाकर अब बस में कर लें.

आजादी की दूसरी लड़ाई, 
शुरू कर रहे अन्ना जी
स्वतंत्रता नहीं भेंट में मिलती, 
यही बताते अन्नाजी
स्वतंत्रता कमजोर पड़ रही, 
भ्रष्टाचारी हावी है,
स्वतंत्रता की रक्षा के हित, 
हम भी साथ है अन्नाजी.


Saturday 13 August 2011

रक्षाबन्धन की शुभकामनाएं

बांधे हम रक्षा का बन्धन
भ्रष्टाचार से ना हो क्रन्दन
अन्नाजी को मिले सफ़लता
जनता के माथे पर चन्दन.